एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-राजातालाब तहसील के अंतर्गत आने वाले तेरह गांवों (ग्राम सभा करधना से बरकी तक) के किसानों और निवासियों में कृषि भूमि के संभावित अधिग्रहण को लेकर गहरी चिंता व्याप्त है।इस संवेदनशील विषय पर चर्चा करने और अपनी समस्याओं का समाधान खोजने के लिए क्षेत्र के किसान लामबंद होने लगे हैं।इस संबंध में अदमापुर निवासी सूबेदार यादव ने वाराणसी के 77 संसदीय कार्यालय से जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती पूनम मोर्या को एक पत्र सौंपकर ग्रामीणों और किसानों की इस गंभीर समस्या को अवगत कराया है।सौंपे गए पत्र के अनुसार ग्राम सभा अदमापुर और अमीनी के किसान इस विषय पर आपस में बैठकर शांतिपूर्ण ढंग से चर्चा करना चाहते हैं।किसानों ने 28 जून 2026 (दिन रविवार) को सुबह 6:00 बजे से 9:00 बजे के बीच अपने गांव में एक बैठक आयोजित करने की अनुमति मांगी है।

इस मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए उच्च अधिकारियों ने त्वरित संज्ञान लिया है:जिलाधिकारी वाराणसी ने नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई करने हेतु इसे एसडीएम राजातालाब को अग्रसारित किया है।जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम मौर्या ने भी जिलाधिकारी वाराणसी को प्रार्थी के इस आवेदन की तत्काल जांच कर इसका समय से निस्तारण करने का निर्देश दिया है।फिलहाल, 13 गांवों की इस उपजाऊ भूमि के अधिग्रहण की आशंका से पूरे क्षेत्र के किसानों में हड़कंप है और वे सरकार व प्रशासन से इस विषय पर स्थिति स्पष्ट करने की मांग कर रहे हैं।
