एस के श्रीवास्तव विकास

वाराणसी/-रोहनिया थाना क्षेत्र के फरीदपुर-मिसिरपुर बार्डर के समीप सार्वजनिक सिंचाई नाली को अवैध रूप से पाटने एवं निजी कॉलोनी का रास्ता बनाने का मामला अब तूल पकड़ लिया है।दर्जनों ग्रामीणों ने हस्ताक्षर युक्त शिकायती पत्र सीएम पोर्टल पर आईजीआरएस के माध्यम से भेजकर कार्यवाही की माँग किया गया।

आपको बता दे कि अम्बीका प्रसाद दूबे,सूर्यदेव दूबे, अवधेश दूबे,पंचदेव दूबे,न्यायमूर्ति दूबे गिरीश दूबे,जितेंद्र पटेल,कैलाश,राम सागर,चंद्रबली,गिरीश दुबे व समस्त स्थानीय किसान निवासीगण ग्राम मिसिरपुर व फरीदपुर थाना रोहनिया जनपद वाराणसी ने प्रदर्शन कर सीएम व डीएम वाराणसी का ध्यान आकृष्ट कराया है।शिकायत कर्ताओ ने दिए हुए शिकायती पत्र में बताया है कि ग्राम मिसिरपुर व फरीदपुर की सीमा पर स्थित सरकारी/सार्वजनिक सिंचाई नाली जिसका मिसिरपुर आराजी नं 341 व फरीदपुर में

आराजी नं 90 में नाली दर्ज है जिससे प्रार्थीगण एवं गांव के समस्त किसानों के खेतों की सिंचाई विगत लगभग 61 वर्षों से होती है।उक्त नाली के आस-पास की भूमि पर आज भी पूर्ण रूप से खेती की जा रही है।वर्तमान में क्षेत्र के कुछ रसूखदार एवं दबंग भू-माफियाओं द्वारा उक्त सार्वजनिक सिंचाई नाली को गंगा बालू व अन्य सामग्री डालकर अवैध रूप से पाटा गया है।सिचाई नाली पर भू-माफिया धीरेन्द्र सिंह उर्फ सोनू सिंह पुत्र नामवर सिंह निवासी अमरा खैरा चक

पोस्ट-कन्दवा थाना-रोहनियाँ जिला-वाराणसी व दिनेश पटेल पुत्र फूलचन्द्र पटेल निवासी ग्राम मिसिरपुर थाना रोहनिया जनपद वाराणसी व अन्य लगभग सैकड़ो लोगो के साथ सार्वजनिक नाली को पूरी तरह समाप्त कर अपनी निजी व्यावसायिक कॉलोनी के लिए अवैध रास्ते का निर्माण करा

रहे हैं,जिससे किसानों के खेतों तक पानी पहुंचने का मार्ग पूरी तरह अवरुद्ध हो गया है।ग्राम सभा मिसिरपुर व फरीदपुर की सीमा पर स्थित सिचाई नाली पर अवैध रास्ते के निमार्ण कार्य का प्रार्थीगण व समस्त किसानो द्वारा विरोध करने पर दबंगई पर अमादा हो जा रहे है।शिकायत कर्ताओ के पास

उक्त नाली को पाटते हुए भू-माफियाओं के कृत्य का स्पष्ट वीडियो फुटेज और फोटोग्राफ्स साक्ष्य के रूप में उपलब्ध हैं जिसका संज्ञान लेते हुए कार्यवाही किया जाना न्याय संगत है।
